गुरुवार, 17 अक्तूबर 2019

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पूर्णिया में आईसीडीएस की हुई समीक्षात्मक बैठक

लेखक: अपना समाचार दिनांक: अक्तूबर 17, 2019
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    • आंगन एप्प द्वार आंगनवाड़ी केंद्रों का होगा निरक्षण
    • सेविका एवं सहायिका का किया जाएगा नियोजन
    • मॉडल आंगनवाड़ी का कराया जा रहा है निर्माण


    पूर्णियाँ : जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में समाहरणालय सभागार में आईसीडीएस की समीक्षात्मक बैठक की गई। इस बैठक में उपस्थित जिला पदाधिकारी ने कहा जिले में चल रही है आईसीडीएस के योजनाओं को लेकर प्रति माह बैठक होनी चाहिए जिसमें सभी सीडीपीओ और महिला सुपरवाइजर की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।

    योजनाओं को लेकर जिलाधिकारी ने दिया निर्देश:
    बैठक में जिलाधिकारी ने कहा सभी कर्मचारी अपने अपने क्षेत्र में बेहतर कार्य का होना सुनिश्चित करें। जो अपने कार्य में अनियमितता बरतेंगे उन पर कार्यवाही की जाएगी। जिन केंद्रों पर 15 अक्टूबर 2019 तक टीएचआर का वितरण नहीं किया गया तथा इसकी शिकायत मिली है उन केंद्रों की जांच कराने का निर्देश डीपीओ आईसीडीएस को दिया गया। जिलाधिकारी ने आंगनबाड़ी केंद्रों पर नियमित जांच करने का सभी सीडीपीओ एवं महिला सुपरवाइजर को निर्देश दिया।

    खराब प्रदर्शन करने वाले प्रखंडो से मांगी गई स्पस्टीकरण :
    बैठक में बताया गया कि  सबसे अच्छा आंगनबाड़ी केंद्रों का कार्य कसबा और बनमनखी में हो रहा है। खराब प्रदर्शन करने वाले प्रखंडों में रूपौली, पूर्णिया ग्रामीण, जलालगढ़, श्रीनगर, केनगर, डगरुआ आता है जिसके सीडीपीओ एवं महिला सुपरवाइजर से स्पष्टीकरण की मांग की गई।

    सेविका/सहायिका के नियोजन पूरा करने का दिया निर्देश :
    जिले में कुल 3435 आंगनबाड़ी केंद्र हैं जिसमें से 3374 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। जिला पदाधिकारी ने अगले बैठक के पहले सभी सेविका एवं सहायिका के नियोजन प्रक्रिया पूरा करने का निर्देश दिया।

    आंगनवाडी केंद्रों का होगा नियमित निरक्षण :
    बैठक में कहा गया कि आंगन एप्प से आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया जाना है। सितंबर माह में 189 आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण इस एप्प द्वारा किया गया है जिसमें 62 केंद्रों में अनियमितता पाई गई।  37 केंद्रों को चेतावनी दी गई और 35 के मानदेय में कटौती की गई। सीडीपीओ को कम से कम 30 केंद्रों का निरीक्षण प्रतिमाह करने कहा गया है। अमोर सीडीपीओ ने बताया कि वहां नेटवर्क नहीं करता है जिसके कारण एप के द्वारा केंद्रों का निरीक्षण किए जाने जाने में कठिनाई होती है।

    हाउसहोल्ड का किया जाना है निबंधन:
    आंगनवाड़ी केंद्र द्वारा सभी हाउस होल्ड का निबंधन कराना है। अभी तक बी कोठी बाईसा डगरुआ तथा केनगर में 30% से कम निबंधन हुआ है। वहां के सीडीपीओ एवं महिला सुपरवाइजर से स्पष्टीकरण की मांग की गई।

    मॉडल आंगनवाड़ी केंद्र का कराया जा रहा है निर्माण:
    जिले में 46 मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र का निर्माण कराया जा रहा है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चे पोशाक में आए। उनका अच्छा से अच्छा ध्यान रखा जाए, जिससे बच्चे स्वस्थ हो। सरकार का उद्देश्य इन बच्चों को कुपोषण से मुक्त रखना और शिक्षित करना है ताकि आगे जाकर देश के स्वच्छ नागरिक बन सकें।

    संवादक: अमन

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    विवरण: जिला पदाधिकारी ने कहा जिले में चल रही है आईसीडीएस के योजनाओं को लेकर प्रति माह बैठक होनी चाहिए जिसमें सभी सीडीपीओ और महिला सुपरवाइजर की उपस्थिति सुनिश्चित की जाए

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